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कबीर कहते हैं, ‘सोहम आपो आप’!

कबीर कहते हैं, ‘सोहम आपो आप’!

कबीर कहते हैं, ‘सोहम आपो आप’! प्रश्न-   मैंने शबनम विरमानी द्वारा पठित, संत कबीर की एक कविता पढ़ी। यह कविता उन्होंने भैरविदेवी से सीखी थी जो कबीर के गाने गाती थीं। कृपया अर्थ समझाएं।    श्वास श्वास में नाम ले और बिरठा श्वास मत खोय, ना जाने इस श्वास का आवन होय...
बुद्ध और रमण के मार्ग पर चलते हुए क्या मैं वैदिक मंत्रोच्चारण कर सकता हूँ?

बुद्ध और रमण के मार्ग पर चलते हुए क्या मैं वैदिक मंत्रोच्चारण कर सकता हूँ?

बुद्ध और रमण के मार्ग पर चलते हुए क्या मैं वैदिक मंत्रोच्चारण कर सकता हूँ? प्रश्न-   एकता जी क्या आप मेरा इस विषय में मार्गदर्शन कर सकती हैं कि मैं रमण महर्षि और बुद्ध के मार्ग पर चलते हुए हनुमान चालीसा, ॐ नमः शिवाय, ॐ नमो भगवते वासुदेवाय और दुर्गा चालीसा आदि का...